जान है जहान है सिकंदर त्यागी का ये कहना है सेहत सबसे बड़ी नियामत पहले इसका ध्यान करो आप किसी भी बीमारी के बारे में surch कर सकते है ऊपर surch का option है
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स्वास्थ्य ही धन है health is wealth
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खीरा kheera संदर्भ में :-- खीरा kheera आसानी से पचने तथा जल्दी हज्म हो जाता है यह क्षार प्रधान है और खून को साफ भी करता है पथरी में बहुत लाभकारी है कब्ज नाशक है मोटापा गठिया मधुमेह सुगर गुर्दे के रोगो को दूर करता है दाद खाज खुजली पेशाब का रुक रुक क्र आना अमाशय को साफ करता है और सुंदरता को लेकर भी खीरा kheera का गुणज्ञान किया गया है दाद खाज खुजली के लिए :--- खीरा kheera दाद खाज खुजली व् चर्म रोग को भी दूर करता है जो अधिकतर खीरा kheera खाते है या खीरा kheera को सलाद में प्रयोग करते है उनको कभी भी दाद खाज खुजली व् चर्म रोग नहीं होते मूत्र रोगो के लिए :- अमाशय की जलन पेशाब जी जलन पेशाब का रूक रूक कर आना मूत्र रोगो में भी बहुत लाभकारी है अमाशय व् ग्रहणी व्रण अर्थार्थ घाव में भी बहुत उपयोगी है गर्मी के लिए :-- खीरा kheera शरीर को ठंडा तो करता ही है क्योकि खीरा kheera की जो ताशीर वो ठंडी है लेकिन खीरा kheera के बीजो को पिशकर ठंडाई बनाकर पिने से पेशाब ...
संदर्भ में : आम mango खाने से हो सकती है मृत्यु और हुई भी है इसके लिए आपको ध्यान रखना है यानि सावधान रहना है क्योकि आम का मौसम आ गया है वैसे तो आम हमेसा ही बाजार में रहते है लेकिन मई से लेकर और अगस्त तक आम mango का मौसम होता है इस बीच में गरीब से गरीब आदमी भी आम mango का स्वाद स्वाद ले लेता है इस लिए सावधान रहे क्योकि वैसे भी आप को फ्लो का राजा कहा जाता है आप स्वाद से भरा होता है और स्वाथ्य के लिए लाभदायक भी है लेकिन हमारी अधूरी जानकारी और लापरवाही हमें दुःख दे जाती है जिसकी वजह से हम मौत को गले लगा लेते है इसी लिए जब भी आम mango खाये इन बातो का जरूर ध्यान करे आम mango खाने से मृत्यु कैसे होती है : कभी भी आम mango खाने के बाद कोई भी किसी भी तरह का पेयजल न पिए जैसे पानी सरबत कोल्ड ड्रिंक नीबू पानी सदा पानी आदि किसी भी तरह का पेयजल प्रयोग न करे कम से कम आधा घंटा क्योकि आम का सिट्रिक एसिड और काबनिक एसिड मिलकर ज़हर बन जाता है जो स्वाथ्य के लिए हानि कारक होता है जिससे कभी कभी इन्शान की मृत्यु भी हो जाती है इसलिए इस कभी भी...
नमक Namak के संदर्भ में :- इन्शान के लिए नमक Namak की जरूरत सत्य है लेकिन पोषण विज्ञानं के अनुशार शरीर को प्राकृतिक आहार जैसे साग सब्जी फल अनाज आदि के अनुशार कुदरत ने इनमे जितनी नमक Namak की जरूरत थी उतनी पहले से ही है तथा अलग से जो नमक Namak मिलाया जाता है वह केवल स्वाद और आदत के लिया मिलाया जाता है और यह जो खनिज नमक Namak बाजार में है वो संजीव नहीं है निर्जीव है ये हमारे शरीर में आत्मसात नहीं हो पता बल्कि मल निष्कासन के कार्य को और बढ़ा देता है अधिक नमक Namak खाने के दुष्परिणाम :- अनेक शोध और प्रयोगो से सिद्ध हो गया है की नमक के स्वाद से अधिक नमक Namak खाने वालो की पाचन प्रणाली खराब हो जाती है और ये पाचक रसो को भी खत्म क्र देता है और मंदागीन हो जाती है तथा स्वाद से ज्यादा नमक Namak इस्तेमाल करने से पाचन शंस्थान की कोमल झिल्लियों में भी घाव हो जाते है और इसी के साथ साथ ढेर सारी बीमारिया जन्म ले लेती है गुर्दे कमजोर :- अधिक नमक Namak खाने से प्यास बहुत लगती है और उसके बाद इन्शान पानी पित...
संदर्भ : मेसाने की गर्मी अर्थार्थ हमरे शरीर में बहुमूत्र में इंफेकशन होने से हमरी मूत्र नाली भी इफेक्टिव हो जाती है जिसके कारण बार पेशाब का आना संभव है और मूत्र में जलन होना और मूत्र का बार बार आना ही हम देशी भाषा में मसाने में गर्मी कहते है मसाने की गर्मी के लिए के बहुत ही अच्छा उपाए है जब मसाने गर्मी होती है तो पेशाब बार बार आता है और अगर हम अपने खाने और पिने का थोड़ा भी ध्यान करे तो हो सकता है हम कभी बीमार ही न हो लेकिन पता नहीं इन्शान अपने स्वाथ्य को लेकर इतना लापरवाह क्यों है लेकिन अगर एक बार स्वाथ्य खराब हो गया तो फिर इन्शान भगवान को भी खूब याद करता है और पैसे के भी परवाह नहीं करता और जो दुःख दर्द होता है उसको मरीज या कुदरत ही जाने तो समय रहते थोड़ा अपने शरीर का भी ध्यान करे इलाज : मसाने की गर्मी व् पेशाब का बार बार आना और पेशाब का लग कर आना इसे लिए बहुत ही अच्छा उपाए है और आप उपाय है 1 अनार का छिलका: मसाने की गर्मी के लिए या पेशाब का बार बार आना अनार का छिलका सुखाकर उसका बारीक़ करके चूर्ण बन...
खाने के प्रति समाज की धरना :-- समाज में अब ये धारणा फैली हुई है की अधिक खाना खाने से इन्शान अधिक ताक़तवर होता है और अधिक शक्ति मिलती है ऐसा आज कल के लोग सोचते है और खूब छक कर खाना खाते है बल्कि ऐसा भी सुनने को मिलता है की हम तो कमाते ही खाने के लिए है खायगे नहीं तो जियेंगे कैसे जो खा लिया वो अपना लोगो की सोच कुछ इस प्रकार है वो मानते है की कम खाने से इन्शान कमजोर हो जाता है एक हमने इस पोस्ट में भी लिखा था ये है वो पोस्ट आपने होगी अति न करे किसी भी कार्य में हो सके तो पढ़ लेना इसको भी सदा जवानी के लिए For youth Sada Jawan Rahane ke liye https://allinformation6648.blogspot.com/2021/03/for-youth.html पहले भी और आज भी अनुसंधान करने पर ज्ञात हुवा की सुखी और लम्बी आयु उसी ने पायी है जिसने कम भोजन किया हो कम खाने से खाना आसानी से पच जाता है बिना भूख या अधिक खाने से खाना आहार पच नहीं पता है क्योकि पाचन प्रणाली अथवा आंतो में पड़ा हुवा खाना सड़ता ही है और अधिक खाना खाने से पाकस्थली की संकोचन तथा प्रसारण छमता कमजोर हो जाती है और बवासी...
दिमाग व् दिमाक brain mind संदर्भ में : दिमाग व् दिमाक brain mind के कारण इन्शान पागल हो जाता है कम बुद्धि कहलाता है बेवक़ूफ़ कहलाता है अपनी बात जल्दी और लम्बे समय तक याद नहीं रख पाता है दिमाग व् दिमाक brain mind में जल्दी से कोई बात न आना दिमाग व् दिमाक brain mind में आई हुई बात निकल जाना समाज की परवाह न करना उलटी सीधी चीज को खाना बिना बात झगड़ा करना फिजूल कार्य करना अपना जीवन व्यर्थ गवाना ये दिमाग व् दिमाक brain mind की हो बात है दिमाग व् दिमाक brain mind से आप भली भाती परिचित है आप ये भी जानते है की दिमाग व् दिमाक brain mind क्या काम करता है और कैसे काम करता है और शरीर में इसकी महत्वता क्या है बताने की जरूरत तो है नहीं लेकिन फिर भी दिमाग व् दिमाक brain mind पर थोड़ा प्रकाश डालते है / दिमाग व् दिमाक brain mind व् आदर्श manners शिष्टाचार ये दोनों एक दूसरे के बहुत ही नजदीक है इन्शान में कमी होती दिमाग व् दिमाक brain mind की और समाज कहत...
संदर्भ में > nimbu नीबू lemon एक ऐसी खटाई है जो बिलकुल भी नुकशान नहीं देती दुनिया में नीबू भारत की ही देन है नीबू मुलत: भारत की ही उपज है सिकंदर के आक्रमण के बाद nimbu नीबू lemon पश्चिम के देशो में पहुंचा और वह से उन्नसवीं शताब्दी में nimbu नीबू lemon अमेरिका में पहुंचा भारत के प्राचीन ग्रंथो आयुर्वेद ग्रंथो चरक भावप्रकास शालिग्राम राजनिघण्टु निघण्टु आदि मेंnimbu नीबू lemon के बारे में भी बतया गया है nimbu नीबू lemon की अनेक जातीय है पर कागजी नीबू सबसे अच्छा मन जाता है, nimbu नीबू lemon को हम अनेक बीमारियों में प्रयोग करते है और नीबू अनेक बीमारियों में काम भी आता है जो निम्नलिखित है कागजी nimbu नीबू lemon सबसे अच्छा होता है > कागजी nimbu नीबू lemon अम्ल रस युक्त अग्नि दीपक पाचक हल्का वातनाशक कृमि समूह का नासक पेट के रोग एवं दर्द को दूर करने वाल वात रस पित कफ आदि के लिए बहुत ही फायदेमंद है तथा हैजा के रोगियों के लिए भी nim...
बच्चे सोते समय बिस्तर पर पेशाब क्र देते है और माँ बाप बच्चे को रात्रि में ही पीटना स्टार्ट कर देते है और अगर मौसम सर्दी का हो तो बच्चे की मरम्मत अच्छी हो जाती है लेकिन इसमें बच्चे की कोई गलती नहीं है ये एक बीमारी है जो किसी किसी बच्चे को हो जाती है और जब बच्चा बिस्तर पर पेशाब कर देता है तो हम बच्चे को इतना डरा देते है की उस बच्चे का दिल भी कमजोर होने के चांस भी होते है लेकिन हमने कभी ये नहीं सोचा की इसने जान बुझ कर नहीं किया होगा लेकिन घबराने की कोई बात नहीं है आज हम इसका उपाय बताते है बस हमेशा याद रखना अखरोट की एक गिरी और पाँच ग्राम किसमिश रात में सोने से पहले खिलाये कुदरत ने चाहा एक सप्ताह में आराम लग जायगा जानकारी अपने मिलने वालो भी जरूर बताये हो सकता हो उनका कोई बच्चा बेचारा रोज पिटता हो और उनके ये तरीका काम आजाये GOOD LUCK खाँसी की दवा घर पर बना कर रखे https://allinformation6648.blogspot.com/2021/02/blog-post_19.htm...
संदर्भ में :- पुरे भारत में डेंगू बुखार चल रहा है जिसके कारण प्लेटलेट platelets कम हो रही है तथा लोगो की मृत्यु भी हो रही है प्लेटलेट platelets क्या है अधिकतर बुखार के कारण इन्शान की प्लेटलेट platelets कम हो जाती है है जिससे इन्शान खुद को बहुत कमजोर महशूस करता है और कभी कभी तो प्लेटलेट platelets कम होने के कारण इन्शान की मृत्यु भी हो जाती है और इन्शान खुद को इतना कमजोर महसूस करता है की उसको आंख खोलने का भी मन नहीं करता खाना खाने को मन न करना किसी से बात न करना मन चिड़चिड़ा सा रहना आदि प्लेटलेट platelets कम होने के कारण हो ता है प्लेटलेट platelets को बढ़ाने के लिए लोग अनेक उपचार करते है लेकिन आज हम आपको सबसे अच्छा और सबसे सस्ता और उपचार बतायगे जो आपकी प्लेटलेट platelets को जादू मैजिक की तरह बढ़ा देगा उपचार एवं तरीका :- आपको ज्यादा कुछ लेना देना नहीं है अगर आपकी कभी भी प्लेटलेट platelets कम हो जाये तो बिलकुल भी घबराना नहीं है आपको सिर्फ ये दो ची...
संदर्भ में -: दाँत का हिलना अक्सर हमारे कोई दांत हिलने लगता है चोट लग जाने के कारन या बुढ़ापे के कारण या किसी बीमारी के कारण भी दाँत हिलने लगते है और फिर उस दाँत को या तो हम निकलवा देते है या घर ही उसे हाथ से पकड़कर तोड़ देते है और उसके बाद हम अनेक प्रकार की परेशानिया उत्पन्न क्र लेते है जैसे नया दांत लगवाना रुट कनाल करना और भी बहुत कुछ लेकिन हजार जतन करने के बाद भी हमें पहले जैसा सकून नहीं मिल पता लेकिन आज हम ऐसा उपचार बताने जा जा रहे है जो बिलकुल फ्री का इलाज है और आपको न किसी डॉक्टर के पास जाना न किसी हकीम के पास जाना आप खुद ही घर पर रहकर अपना और अपने परिवार का इलाज कर सकते है और किसी भी तरह का कोई नुकशान भी नहीं होगा फिटकरी -: ये वही फिटकरी है जो घर में प्रयोग होती है तथा जो नाई के यह प्रयोग होती है उपचार की विधि -: आपको सिर्फ सो ग्राम फटकी लेनी है और उसको पीस लेना है पीसकर किसी साफ सुथरे डब्बे में रख लेना है और रात को जब आप खाने पिने से बिलकुल फ्री हो जाये तो एक ग्लास पानी में दस ग्राम पीसी ...
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